विग्गाजी: राजस्थान के गौरक्षक लोकदेवता

(संक्षिप्त परिचय एवं सामाजिक महत्व)

मूल जानकारी

  • मंदिर स्थल: रीड़ी (बीकानेर जिला)

  • परिवार:

    • पिता: महनजी

    • माता: सुल्तानी

  • वीरगति: गायों की रक्षा करते हुए युद्ध में शहीद

धार्मिक एवं सामाजिक महत्व

  1. जाखड़ समुदाय के कुलदेवता:

    • राजस्थान के जाखड़ (या जांगिड़) समाज द्वारा पूज्य।

  2. गौरक्षक देवता:

    • गायों की रक्षा हेतु बलिदान देने की गाथा प्रसिद्ध।

  3. लोक आस्था:

    • पशुधन की सुरक्षा एवं कृषि कल्याण हेतु पूजा।

सांस्कृतिक विरासत

  • मंदिर स्थापत्य: रीड़ी स्थित मंदिर में लोककला के दर्शन।

  • लोकगाथाएँ: विग्गाजी की वीरता पर आधारित गीत गाए जाते हैं।

तुलनात्मक विश्लेषण

देवता संबंधित समुदाय रक्षण क्षेत्र
विग्गाजी जाखड़ समाज गायें
तेजाजी जाट समुदाय गायें/सर्प
पाबूजी राठौड़/रैबारी ऊँट

विग्गाजी: जाखड़ समाज की अस्मिता और गौसंरक्षण के प्रतीक! 

“विग्गा री बलिदानी, गौ माता री राखवाली!”

(राजस्थानी कहावत: विग्गाजी गौमाता के रक्षक थे)।

विशेष टिप्पणी: रीड़ी मंदिर में भादो (भाद्रपद) माह में श्रद्धालुओं का जमावड़ा लगता है, जहाँ गायों को विशेष चारा चढ़ाया जाता है।

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